दिल्ली के मालवीय नगर स्थित एक होटल में बुधवार सुबह हुए भीषण अग्निकांड ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। इस दर्दनाक हादसे में कुल 21 लोगों की मौत हो गई, जबकि दो दर्जन से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। मृतकों में गुरुग्राम के एक ही परिवार के आठ सदस्य शामिल हैं, जिनकी मौत ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया है।
इलाज के लिए दिल्ली आए थे, होटल में मिला मौत का सामना
जानकारी के अनुसार, गुरुग्राम के सेक्टर-46 निवासी और पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) विवेक अग्रवाल अपने परिवार के साथ दिल्ली आए हुए थे। उनके पिता राधेश्याम अग्रवाल की तबीयत खराब होने के कारण उन्हें दिल्ली के मैक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
बुधवार सुबह विवेक अपने परिवार और रिश्तेदारों के साथ मालवीय नगर स्थित होटल 'फ्लोरिश स्टे बी एंड बी' में नाश्ता करने पहुंचे थे। इसी दौरान होटल में भीषण आग लग गई और देखते ही देखते पूरा परिसर धुएं और आग की लपटों से घिर गया।
एक झटके में उजड़ गया पूरा परिवार
इस हादसे में विवेक अग्रवाल, उनकी पत्नी तर्जनी अग्रवाल, बेटियां जीविशा और वारिया, मां प्रेमलता अग्रवाल, मौसा अशोक गोयल, मौसी कमला गोयल और परिवार की सदस्य झिमरी अग्रवाल की मौत हो गई।
परिवार का एकमात्र सदस्य जो इस त्रासदी से बच गया, वह विवेक के पिता राधेश्याम अग्रवाल हैं, जो घटना के समय अस्पताल में भर्ती थे। अब उनके सामने अपने पूरे परिवार को खोने का असहनीय दुख खड़ा है।
परिजनों पर टूटा दुखों का पहाड़
महावीर एन्क्लेव निवासी प्रेम बंसल ने बताया कि हादसे में उनकी बेटी, दामाद और परिवार के कुल आठ सदस्यों की जान चली गई। उन्होंने कहा कि परिवार इलाज के सिलसिले में दिल्ली आया था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह यात्रा उनकी आखिरी साबित होगी।
लोगों ने बचाने की भरसक कोशिश की
होटल में आग लगने के बाद स्थानीय लोगों ने फंसे हुए लोगों को बचाने के लिए हरसंभव प्रयास किए। आसपास के लोगों ने इमारत की खिड़कियों के शीशे तोड़े और नीचे गद्दे बिछाकर लोगों को कूदने के लिए कहा।
स्थानीय निवासी अनीता चौधरी ने बताया कि उन्होंने कई धमाकों जैसी आवाजें सुनीं, जिसके बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। उन्होंने कहा, "इमारत के अंदर से लगातार चीखें सुनाई दे रही थीं। लोग मदद के लिए पुकार रहे थे और कई लोग जान बचाने के लिए खिड़कियों से कूद रहे थे।"
जांच और राहत कार्य जारी
घटना के बाद दमकल विभाग, पुलिस और प्रशासन की टीमों ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव अभियान चलाया। घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
यह हादसा राजधानी में होटल और व्यावसायिक भवनों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
