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रूस में दतिया के छात्र भरत बघेल की संदिग्ध मौत: सीएम मोहन यादव ने जताया शोक, पार्थिव शरीर लाने की कोशिशें जारी

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MP News | दतिया, जून 23: मध्य प्रदेश के दतिया जिले के इंदरगढ़ तहसील निवासी और रूस में MBBS की पढ़ाई कर रहे छात्र भरत बघेल की 21 जून को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बताया जा रहा है कि भरत रूस के एक हॉस्टल से गिर गए, जिससे उनकी मौत हो गई। यह उनका अंतिम वर्ष था और वे जल्द ही भारत लौटने वाले थे।


पढ़ाई का अंतिम चरण था

  • भरत पहले यूक्रेन में MBBS कर रहे थे, लेकिन यूक्रेन-रूस युद्ध के चलते उन्हें वापस लौटना पड़ा।

  • बाद में उन्होंने रूस में अपनी पढ़ाई फिर से शुरू की।

  • 20 जून को उनका फाइनल एग्जाम था और 28 जून को रिजल्ट आने वाला था।

  • भरत की वापसी की फ्लाइट 2 जुलाई को थी।


सीएम मोहन यादव ने जताया शोक

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भरत बघेल के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है।
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा:

"भरत बघेल की मृत्यु का समाचार अत्यंत दुखद है। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति और परिवार को यह दुख सहन करने की शक्ति दे।"

सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि भरत का पार्थिव शरीर भारत लाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए।
प्रदेश प्रशासन भारतीय दूतावास से लगातार संपर्क में है।


जांच जारी, परिजनों को अभी पूरी जानकारी नहीं

भरत के पिता डॉ. एमएस बघेल ने बताया कि अभी तक उन्हें पूरी जानकारी नहीं मिली है कि बेटे की मौत कैसे हुई।
हॉस्टल से उनके रूममेट का फोन आया था, जिसमें बताया गया कि भरत की गिरकर मौत हो गई है।

उन्होंने सवाल उठाया कि यह हादसा है या हत्या – यह स्पष्ट नहीं है। उन्होंने कहा:

"यह दुर्घटना है या कोई साजिश – यह तो रूस की पुलिस जांच के बाद ही साफ होगा।"


परिजनों की मांग

भरत के पिता मुलायम बघेल और पूर्व विधायक राधे बघेल ने भारत सरकार और मध्य प्रदेश सरकार से निवेदन किया है कि
भरत का शव जल्द से जल्द भारत लाने की प्रक्रिया पूरी की जाए।


भरत बघेल की मौत ने मध्य प्रदेश समेत देशभर के उन परिवारों को चिंता में डाल दिया है, जिनके बच्चे विदेशों में पढ़ाई कर रहे हैं। यह मामला न सिर्फ एक व्यक्तिगत दुख है, बल्कि विदेशों में पढ़ रहे भारतीय छात्रों की सुरक्षा को लेकर भी कई सवाल खड़े करता है।

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