प्रयागराज।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ मामला दर्ज कराने वाले आशुतोष ब्रह्मचारी पर रविवार सुबह रीवा एक्सप्रेस में सफर के दौरान हमला होने का मामला सामने आया है। आरोप है कि अज्ञात हमलावर ने उनकी नाक काटने की कोशिश की और चेहरे पर वार किया। घटना के बाद रेलवे पुलिस (जीआरपी) मामले की जांच में जुट गई है।
बताया जा रहा है कि आशुतोष ब्रह्मचारी अपने साथी सुधांशु के साथ गाजियाबाद से प्रयागराज के लिए रीवा एक्सप्रेस के एसी कोच में यात्रा कर रहे थे। रविवार सुबह करीब पांच बजे जब ट्रेन सिराथू रेलवे स्टेशन के पास पहुंची, उसी दौरान वे बाथरूम जाने के लिए उठे। आरोप है कि इसी दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने उन पर हमला कर दिया।
बाथरूम में बंद होकर बचाई जान
आशुतोष ब्रह्मचारी के मुताबिक हमलावर ने उनके चेहरे और नाक पर वार किया, जिससे उन्हें चोटें आईं और खून बहने लगा। इसके बाद उन्होंने किसी तरह ट्रेन के टॉयलेट में खुद को बंद कर लिया और जीआरपी कंट्रोल रूम को फोन कर घटना की सूचना दी। ट्रेन के प्रयागराज जंक्शन पहुंचने पर उन्होंने जीआरपी थाने में शिकायत दर्ज कराई।
मेडिकल रिपोर्ट में धारदार हथियार की पुष्टि नहीं
जीआरपी ने आशुतोष ब्रह्मचारी का कॉल्विन अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया। पुलिस के अनुसार मेडिकल रिपोर्ट में धारदार हथियार से हमले की पुष्टि नहीं हुई है। डॉक्टरों ने चोट को मामूली खरोज बताया है। एक्स-रे और सीटी स्कैन में भी गंभीर चोट के संकेत नहीं मिले। इसके आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 118(1) के तहत अज्ञात हमलावर के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
घटना के बाद जीआरपी ने सिराथू से प्रयागराज जंक्शन तक रेलवे स्टेशनों के सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित कर लिए हैं। हालांकि अभी तक फुटेज में कोई संदिग्ध व्यक्ति नजर नहीं आया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि हमलावर को आशुतोष ब्रह्मचारी के ट्रेन में सफर करने की जानकारी कैसे मिली।
21 लाख रुपये के इनाम का आरोप
आशुतोष ब्रह्मचारी ने आरोप लगाया है कि एक व्यक्ति ने सार्वजनिक मंच से उनकी नाक काटने पर 21 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। उन्होंने अपनी शिकायत में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद, मुकुंदानंद, प्रकाश उपाध्याय और दिनेश शर्मा पर साजिश रचने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उन्होंने इन लोगों के खिलाफ नाबालिगों के यौन शोषण का मुकदमा दर्ज कराया था, जिसके बाद से उन्हें धमकियां मिल रही थीं।
सोशल मीडिया पर स्वाति अघोरी का दावा
घटना के बाद सोशल मीडिया पर डॉ. स्वाति अघोरी के नाम से बने एक फेसबुक अकाउंट से हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
पहले भी मिल चुकी है धमकी
बताया जा रहा है कि आशुतोष ब्रह्मचारी को पहले भी धमकियां मिल चुकी हैं। नवंबर 2024 में ब्रह्मपुत्र एक्सप्रेस से यात्रा के दौरान उन्हें पाकिस्तान से कॉल कर बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी।
फिलहाल जीआरपी पूरे मामले की जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज व अन्य सबूतों के आधार पर हमलावर की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
